किसान गन्ने का सारा जूस पी जाता है लेकिन पेट नहीं भरता। गुस्से में वह कबूतर पर चिल्लाता है। डर के मारे कबूतर सेब का पेड़ लगाता है, पानी डालता है और मेहनत करता है। जब सेब तैयार होते हैं तो किसान मजे से खाता है… लेकिन कबूतर रोता रह जाता है 😢 👉 Like Subscribe नहीं 👉 सिर्फ कहानी महसूस करो ❤️