براہ کرم نوٹ کریں کہ اگر آپ کی عمر 18 سال سے کم ہے، تو آپ اس سائٹ تک رسائی حاصل نہیں کر سکیں گے۔
کیا آپ کی عمر 18 سال یا اس سے زیادہ ہے؟
close
testing
شارٹس
life
1
0
2
गर्भगृह में प्रवेश करते ही दिव्य शांति और भक्ति की अलौकिक अनुभूति होती है। चारों ओर पुष्पों की सुगंध, दीपकों की मधुर ज्योति और घंटियों की पावन ध्वनि वातावरण को भक्तिमय बना देती है। राधारानी जी स्वर्णिम आभूषणों, सुंदर वस्त्रों और मनोहर श्रृंगार से सुसज्जित होकर सिंहासन पर विराजमान हैं। उनके चरणों में भक्त श्रद्धा से शीश झुकाते हैं। पुजारी जी द्वारा धूप, दीप, नैवेद्य और पुष्प अर्पित कर मधुर स्वर में आरती गाई जाती है। “जय राधे जय राधे” की गूंज से पूरा मंदिर प्रेमरस में डूब जाता है। यह दर्शन आत्मा को शांति, आनंद और भक्ति से भर देता है।