aagra Main Nila Jan Selab Bhai Chandrashekhar Azad jai bhim 💙🙏🙏
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यह श्लोक हमें सिखाता है कि योग्यता किसी संयोग से नहीं, संकल्प से बनती है। सुवीर वे नहीं होते जो केवल अवसर की प्रतीक्षा करें, सुवीर वे होते हैं जो अपने परिश्रम, साधना और अनुशासन से स्वयं को योग्य बनाते हैं। जीवन में सफलता भाग्य से नहीं, स्वयं के निर्माण से प्राप्त होती है। जो व्यक्ति हर दिन अपने ज्ञान, चरित्र और कर्म को निखारता है, वही वास्तव में आगे बढ़ता है। 🕉️ शास्त्रों का संदेश स्पष्ट है — ईश्वर अवसर देता है, पर योग्यता हमें स्वयं रचनी होती है।