close

testing

ショーツ

यह श्रीमद् भागवत महापुराण का संगीतमय और व्याख्यात्मक पाठ है, जिसमें भगवान विष्णु के विभिन्न अवतारों, विशेषकर भगवान श्रीकृष्ण के जीवन चरित्र, उनकी लीलाओं और उपदेशों का वर्णन किया जाता है.
इसमें भक्ति योग, कर्म योग और ज्ञान योग के सिद्धांतों को सरल और सुबोध तरीके से समझाया जाता है.
उद्देश्य और लाभ:

भक्ति और आध्यात्मिक उन्नति: भागवत कथा सुनने से मन में ईश्वर के प्रति अगाध श्रद्धा और भक्ति का संचार होता है, जिससे आध्यात्मिक विकास होता है.
ज्ञान और वैराग्य: यह कथा जीवन के सत्य, नश्वरता और संसार के प्रति अनासक्ति (वैराग्य) का बोध कराती है, जिससे व्यक्ति को सही-गलत का ज्ञान होता है.
मोक्ष की प्राप्ति: माना जाता है कि भागवत कथा का श्रवण करने से व्यक्ति को पापों से मुक्ति मिलती है और अंततः मोक्ष की प्राप्ति होती है.
मन की शांति: कथा के माध्यम से जीवन के दुखों और समस्याओं का समाधान मिलता है, जिससे मानसिक शांति और संतोष प्राप्त होता है.
कथावाचक:

भारत में कई पूज्य संत और विद्वान भागवत कथा का वाचन करते हैं, जैसे पूज्य श्री देवकीनंदन ठाकुर जी महाराज, पूज्य अनिरुद्धाचार्य जी महाराज, शिवम शुक्ल जी महाराज, संत इंद्रदेव जी महाराज और पं. विष्णु दत्त सरस जी.
कथा का स्वरूप:

यह आमतौर पर 7 दिनों तक चलने वाली एक श्रृंखला होती है, जिसमें प्रतिदिन कथावाचक द्वारा श्रीमद् भागवत के विभिन्न अध्यायों और प्रसंगों का वर्णन किया जाता है.
कथा के दौरान भजन, कीर्तन और झाँकियों का भी आयोजन किया जाता है, जो भक्तों को भगवान की लीलाओं से जोड़ते हैं.
आयोजन:

भागवत कथाएँ देश और विदेश में विभिन्न स्थानों पर आयोजित की जाती हैं. उदाहरण के लिए, पूज्य श्री देवकीनंदन ठाकुर जी महाराज द्वारा दिसंबर में जयपुर में श्रीमद् भागवत कथा का आयोजन किया गया था. अप्रैल 2025 में श्री दत्त धाम नासिक में भी कथा चल रही है.
यह कथा मनुष्य को अपने कर्मों और वाणी से बड़ा बनने की प्रेरणा देती है. यह हमें सिखाती है कि भाग्य, भक्ति, वैराग्य और मुक्ति पाने के लिए भगवत कथा का श्रवण करना चाहिए. 🌟

Ask anything in your preferred language...

durjankumar

1

10

its poem time ❤️👋❤️❤️👋

a64217c3e

5

14

music song
short video
apna tube
short video

ef6d82702

0

2

chodhary

vikiChoudhary

1

11

⁣Australian footballer Ryan Williams took Indian citizenship to play for the Indian national team.
He renounced his Australian passport to become an Indian citizen, as Indian law does not permit dual citizenship for representing the national team.

PitchandPolicy

7

48

video

Gomtidevi

2

15