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naresh24

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23 जनवरी 1897 को जन्मे सुभाष बाबू पढ़ाई में इतने तेज़ थे कि उन्होंने ICS जैसी बड़ी नौकरी पाई,
लेकिन उन्होंने कहा —
‘मैं अंग्रेज़ों की नौकरी नहीं, भारत की आज़ादी चुनता हूँ।’
जहाँ कुछ लोग समझौते की बात कर रहे थे,
वहीं नेताजी ने कहा —
‘तुम मुझे खून दो, मैं तुम्हें आज़ादी दूँगा।’
उन्होंने बनाई आज़ाद हिंद फौज,
और दिया वो नारा जो आज हर भारतीय की पहचान है —
‘जय हिंद!’

adityasinghpatel_

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⁣हर चोट के साथ मिर्च की आवाज़ गूंजती है और वह खुद को बड़ा समझने लगती है। यह दृश्य सिर्फ़ रसोई का नहीं, बल्कि बचपन के आत्मविश्वास और सीखने की पहली कोशिशों का प्रतीक है—जहाँ खेल और जिम्मेदारी एक साथ चल रहे हैं।

avnibishnoi

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Radha Rani #actingchallenge #shortsfeed #shorts

Aarohini

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⁣♥ motivation quotes ♥ Suvichar Niceline ♥

rahulbharadwaj

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