BHAKTISANSAR_k8z
|Iscritti
0
Di
कर्म प्रधान विश्व रचि राखा जो
जस करहि सो तस फल चाखा
गोस्वामी जी कहते है यह दुनिया कर्मों पर आधारित है जो व्यक्ति जैसा काम करता है, उसे वैसे ही फल की प्राप्ति होती है अगर आपने अच्छे कर्म किए हैं, तो आपको शुभ फल मिलेगा अगर आपने बुरे कर्म किए हैं, तो आपको बुरे परिणाम मिलेंगे मनुष्य का जीवन इसी बात पर आधारित है कि वह किस तरह के कर्म करता है कर्महीन व्यक्ति के लिए इस दुनिया में कुछ भी नहीं है कर्मों के ज़रिए ही हम अपने भाग्य को बनाने और बिगाड़ने का काम करते हैं
जय सियाराम 🙏
🌼🌺🌼🌺🌼🌺🌼🌺🌼🌺🌼🌺🌼🌺🌼🌺
